सामग्री
सरसों के साग के लिए
मक्की की रोटी के लिए
बनाने का तरीका
साग की तैयारी
- 1
सरसों, पालक और बथुए को खूब पानी में अच्छी तरह धो लें। पानी झटक कर पत्ते काट लें; सरसों के सिर्फ बहुत कड़े डंठल ही निकाल दें।
- 2
कुकर या भारी भगोने में कटे पत्ते, आधा लहसुन, अदरक, हरी मिर्च और नमक डालें। लगभग 1 कप पानी डालकर चलाएँ और पकाएँ: मध्यम आँच पर प्रेशर में 10 मिनट, या ढककर धीमी उबाल पर तब तक जब तक पत्ते बहुत नरम न हो जाएँ।
10 मिनटटिप: बिना प्रेशर पकाते समय आँच धीमी रखें और पानी जाँचते रहें ताकि सूखने न पाए।
- 3
प्रेशर अपने आप उतरने दें। कुकर खोलें और मथनी से साग को दरदरा मसलें, या ब्लेंडर में थोड़े छोटे पल्स दें। बनावट देहाती रहे, बिलकुल महीन प्यूरी न बनाएँ।
5 मिनट - 4
बर्तन को फिर से धीमी आँच पर रखें। मक्की का आटा झिरझिराते हुए डालें और फेंटते रहें ताकि गुठलियाँ न बनें। 10 से 15 मिनट तक बीच‑बीच में चलाते हुए पकाएँ, जब तक साग गाढ़ा न हो जाए और कच्चे आटे की गंध न चली जाए।
15 मिनट - 5
तड़के के लिए कड़ाही में मध्यम आँच पर घी गरम करें। हींग डालें, फिर प्याज़ डालकर सुनहरा होने तक भूनें। बचा हुआ बारीक कटा लहसुन डालें और खुशबू आने तक हल्का भूरा होने दें। लाल मिर्च पाउडर मिलाएँ और तुरंत यह तड़का उबलते साग पर डाल दें।
6 मिनटटिप: लाल मिर्च पाउडर आख़िर में मिलाने से यह जलता नहीं।
- 6
तड़के को साग में मिलाएँ और धीमी आँच पर 5 मिनट सिमर करें। गैस बंद करें, 10 मिनट आराम दें, फिर परोसने से पहले ऊपर से एक चम्मच सफ़ेद मक्खन डालें।
15 मिनटटिप: आराम देने से सरसों की धार नरम होती है और स्वाद अच्छे से आपस में घुल जाते हैं।
प्रो टिप्स: साग को मथनी से दरदरा मसलें: दरदरा मसलने से पत्तों की रेशेदार, देहाती बनावट बनी रहती है, बिलकुल चिकनी प्यूरी जैसा नहीं होता। · परोसने से पहले साग को आराम दें: आँच से उतारकर 10 मिनट रखने से सरसों और अदरक की धार बैठती है और स्वाद गोल‑सा मिल जाता है।
मक्की की रोटी की तैयारी
- 7
एक बाउल में मक्की का आटा, आटा (यदि इस्तेमाल कर रहे हों), नमक और अजवाइन मिलाएँ। अलग से पानी को उबलते उफान तक ले आएँ।
- 8
उबलता पानी थोड़ा‑थोड़ा करके डालें और चम्मच से चलाते जाएँ, जब तक मिश्रण भुरभुरा‑सा होकर नम न हो जाए। ढककर 10 मिनट रख दें ताकि थोड़ा ठंडा हो जाए और पानी अच्छे से सोख ले।
10 मिनटटिप: उबलता पानी मक्की के आटे को जिलेटिनाइज़ करता है, जिससे आटा ज्यादा नरम और लचकदार बनता है।
- 9
गीले हाथों से 5 से 8 मिनट तक गूँधें, जब तक आटा चिकना और मुलायम न हो जाए। अगर दरारें दिखें तो हाथ फिर गीले करें और गूँधते रहें।
8 मिनट - 10
आटे को गोल्फ‑बॉल जितने हिस्सों में बाँटें। हर हिस्से को दो पार्चमेंट शीट के बीच बेलें, या गीली उँगलियों से थपथपा कर 12 से 14 सेमी का बराबर किनारों वाला गोला बनाएँ।
टिप: पार्चमेंट से चिपकना और फटना नहीं होता।
- 11
तवे को मध्यम‑तेज़ आँच पर गरम करें। एक रोटी रखकर भूरा‑भूरा दाग आने तक सेकें, फिर पलट दें। घी लगाएँ और दूसरी तरफ़ पकने तक सेंकें, हल्की कुरकुरी हो जाए। बाकी रोटियाँ भी इसी तरह सेंकें और साफ़ कपड़े में लपेटकर रखें।
टिप: अगर किनारे सूखे लगें तो पलटने से पहले कच्ची तरफ़ पर पानी की कुछ बूँदें लगा दें।
प्रो टिप्स: रोटी के आटे में उबलता पानी डालें: उबलता पानी मक्की के आटे को जिलेटिनाइज़ कर देता है, जिससे बिना ग्लूटेन वाला आटा कहीं ज्यादा लचकदार बनता है और बिना फटे आसानी से बेलता है। · रोटियाँ पार्चमेंट के बीच बेलें: पार्चमेंट से नाज़ुक आटा बेलन या काउंटर से चिपकता नहीं और गोले साफ़‑सुथरे बनते हैं। · ज़रूरत हो तो ही थोड़ा गेहूँ का आटा मिलाएँ: थोड़ा सा गेहूँ का आटा मक्की के आटे को बाँधने में मदद करता है और बेलते समय दरारें घटती हैं।
परोसना और रखना
कैसे परोसें
गरम साग पर सफ़ेद मक्खन का एक चम्मच डालकर मक्की की रोटियों के साथ परोसें। साथ में कच्चा प्याज़ और थोड़ा गुड़ रखें ताकि पत्तों का स्वाद संतुलित लगे।
रखना और गरम करना
साग ठंडा होने दें और एयरटाइट डिब्बे में फ्रिज में रखें; दोबारा गरम करते समय धीमी आँच पर थोड़ा पानी डालकर गरम करें। रोटियाँ ताज़ी सबसे अच्छी लगती हैं; गरम तवे पर हल्का घी लगाकर फिर से सेंकें। अगर बैच में पका रहे हों तो रोटी का आटा ढककर गुनगुना 1 घंटे तक रखा जा सकता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
बथुए के बिना सरसों का साग बना सकते हैं।
हाँ। बथुए की जगह पालक थोड़ा बढ़ा दें। फिर भी सरसों के साथ अच्छा संतुलन मिलेगा।
साग में मक्की का आटा क्यों डालते हैं।
यह पत्तों को हल्का गाढ़ा करता है और बिना चिपचिपा हुए साथ पकड़े रखता है। कच्चे आटे की गंध जाने तक पकाएँ।
मक्की की रोटी में दरारें कैसे रोकें।
उबलते पानी से आटा भिगोएँ, अच्छी तरह गूँधें, और पार्चमेंट के बीच बेलें। ज़रूरत हो तो बाँधने के लिए थोड़ा गेहूँ का आटा मिलाएँ।
प्रेशर कुकर की जगह साग को धीमी आँच पर पका सकते हैं।
हाँ। ढककर धीमी आँच पर तब तक पकाएँ जब तक पत्ते बहुत नरम न हो जाएँ, बीच‑बीच में चलाते रहें और ज़रूरत के अनुसार पानी डालें।
मेरा साग बहुत स्मूद हो गया तो क्या करें।
थोड़ा और मक्की का आटा मिलाएँ और थोड़ी देर उबालें, फिर मथनी से हल्का सा मसलें ताकि बनावट वापस आ जाए।
रोटी का आटा पहले से बना सकते हैं।
थोड़े समय के लिए ढककर रख सकते हैं। आटे को गुनगुना रखें और सबसे अच्छा नतीजा पाने के लिए आकार देकर सेंकना परोसने के क़रीब करें।

